अधिवक्ता डॉ. अर्पित लाल बने सुप्रीम कोर्ट ऑफ इंडिया के अधिवक्ता एवं एससीबीए के सदस्य।

संजय बंजारे कोटा
अधिवक्ता डॉ. अर्पित लाल बने सुप्रीम कोर्ट ऑफ इंडिया के अधिवक्ता एवं एससीबीए के सदस्य।

अधिवक्ता श्री हरीश लाल एवं व्याख्याता श्रीमती अर्पणा लाल के पुत्र डॉक्टर अर्पित लाल हाल ही में सुप्रीम कोर्ट की सिविल अपिलिएट जूरिस्डिक्शन के अंतर्गत अपना पहला केस जीते और इसके साथ ही साथ सुप्रीम कोर्ट बार एसोसिएशन के द्वारा आयोजित इंटरव्यू को पास करके सुप्रीम कोर्ट ऑफ़ इंडिया के अधिवक्ता एवं सुप्रीम कोर्ट बार एसोसिएशन के सदस्य बन गए हैं। अर्पित ने अपनी वकालत अपने पिता अधिवक्ता श्री हरीश लाल के मार्गदर्शन में छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय में शुरू किया। अब अर्पित भारत की सर्वोच्च न्यायालय, छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय एवं विभिन्न उच्च न्यायालय के समक्ष लाॅ की प्रैक्टिस करते हैं।
पिछले वर्ष अर्पित सेल्फ स्टडी से भारत के सबसे शिक्षित राज्य केरल न्यायिक सेवा को अपने पहले प्रयास में पास किया था हालांकि मलयालम भाषा के पेपर में डिसक्वालीफाई होने पर उनका अंतिम चयन नहीं हुआ। केरल न्यायिक सेवा को मध्य भारत क्षेत्र से पास करने वाले अर्पित पहले अभ्यर्थी बने।
अर्पित छत्तीसगढ़ राज्यपाल के द्वारा पुरस्कृत है और छत्तीसगढ़ राज्य में सबसे ज्यादा गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड अर्पित के नाम पर है और थियोलॉजी के क्षेत्र में विश्व के सबसे युवा डॉक्टरेट डिग्री धारक है। इसके साथ ही साथ अर्पित की कई आश्चर्यजनक उपलब्धियां है और उन्हें बहुत से सम्मान से सम्मानित किया जा चुका है।
सुप्रीम कोर्ट अधिवक्ता बनकर, नई दिल्ली से अपने नगर कोटा में प्रथम आगमन पर संयुक्त मसीही समाज करगी रोड कोटा के द्वारा सीएनआई चर्च परिसर में संयुक्त मसीही समाज के पास्टर एवं चर्च के सदस्यों के द्वारा स्वागत एवं सम्मान किया गया और साथ ही उनके लिए प्रार्थना की गई।
अर्पित का कहना है कि वह निरंतर छत्तीसगढ़ राज्य और देश की प्रगति और उन्नति के लिए कार्य करते रहेंगे।